ऑनलाइन आवेदन 2021, Kusum Yojana Registration एप्लीकेशन फॉर्म


कृषि सोलर पंप योजना ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन, Rajasthan Kusum Yojana Application Form, पीएम कुसुम योजना आवेदन फार्म, कुसुम योजना पंप वितरण स्कीम ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया, पात्रता मानदंड एवं आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी आपको इस लेख में प्रदान की जाएगी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को वर्ष 2021 का बजट पेश करते हुए प्रधानमंत्री कृषि ऊर्जा सुरक्षा उत्थान महाभियान (पीएम कुसुम योजना) के विस्तार की घोषणा की है।

केंद्र सरकार के द्वारा कुसुम योजना की शुरुआत बिजली और नई और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के सहयोग से किसानो को सौर ऊर्जा और अक्षय ऊर्जा के प्रयोग से आत्मनिर्भर बनाने के लिए की गयी है। इस योजना के द्वारा केंद्र सरकार देश में किसानो को Kusum Yojana 2021 के विस्तार के पश्चात् 20 लाख नए सोलर पंप प्रदान करने में मदद मुहैया कराने का काम करेगी। इसके लिए सरकार द्वारा 3 करोड़ से अधिक डीजल और पेट्रोल पंपों को सौर और अक्षय ऊर्जा से संचालित करने का लक्ष्य रखा गया है।

Kusum Yojana 2021 – कुसुम योजना क्या है?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्ष 2022 तक किसानो की आय को दोगुना करने के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए एक और कदम के रूप में पीएम कुसुम योजना (PM Kusum Yojana) की शुरुआत की गयी है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वर्ष 2020-21 के लिए बजट पेश करते हुए 15 लाख किसानों को ग्रिड से जुड़े सोलर पंप लगाने के लिए धन उपलब्ध कराने की बात कही है। पिछले वर्ष 2019 के बजट में इस योजना के लिए 34,422 करोड़ रूपये का प्रावधान किया गया था।

इस योजना के कार्यान्वयन से निश्चित रूप से सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी साथ ही किसान इन सोलर पंपों से बनने वाली अतिरिक्त बिजली की आपूर्ति ग्रिड को भी कर सकेंगे। केंद्र सरकार के द्वारा राजस्थान राज्य सरकार की मदद से 17.5 लाख डीज़ल पम्पो और 3 करोड़ खेती उपयोगी पम्पस को आगे आने वाले 10 वर्षो के अंदर सोलर पंप में परिवर्तित करने का लक्ष्य रखा है।

PMEGP लोन योजना

कृषि सोलर पंप योजना नई अपडेट

ऊर्जा मंत्रालय तथा केंद्र सरकार ने 13 नवंबर को इस योजना के दायरे को बढ़ा दिया है ताकि देश के लाखों किसान इस योजना का और अधिक लाभ प्राप्त कर सके। देश के किसानों को इस दायरे के अंतर्गत नया अल्टरनेट जारी किया जाएगा ताकि किसान भाई अपना बिजली संयंत्र शुरू कर सकें।ऊर्जा मंत्रालय की इस घोषणा का एक लाभ यह भी है कि अब योजना के अंतर्गत बंजर, परती, कृषि भूमि, चारागाह और दलदली भूमि पर भी सौर बिजली संयंत्र लगाए जा सकेंगे। अब इस योजना का लाभ छोटे किसान भाई भी उठा सकेंगे  क्योंकि राज्य सरकार छोटे किसानों की सहायता के लिए 500 किलोवाट के कम क्षमता वाले परियोजना की शुरुआत करने की मंजूरी दे सकती है।

पीएम कुसुम योजना का कार्यान्वयन

देश के किसानो को सोलर पंप के इस्तेमाल से अपनी आय को बढ़ाने के उद्देश्य से केंद्र सरकार के द्वारा कुसुम योजना को शुरू किया गया है। इस योजना के सफल कार्यान्वयन से किसानो को सोलर पंप लगाने और सोलर उत्पादों की खरीद को बढ़ावा देने के लिए 50 हजार करोड़ रुपयों का बजट आवंटन किया गया है। कुसुम योजना पंप वितरण स्कीम के माध्यम से वर्ष 2020 -21 में 20 लाख किसानो को सोलर पंप लगाने में मदद दी जाएगी।

इस योजना के तहत डीजल से चलने वाली कृषि पंप को सोलर पंप के रूप में चलाय जायेगा। सौर पंप वितरण स्कीम उन राज्य एक किसानो के लिए फायदेमंद होगी जो किसान सूखे की समस्या से प्रभावित हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्ष 2022 तक किसानो की आय को दोगुना करने के सपने को पूरा करने के लिए Kusum Yojana 2021 के अंतर्गत वर्ष 2022 तक 3 करोड़ सौर ऊर्जा संयंत्रों की स्थापना का लक्ष्य रखा गया है जिनकी लागत 1.4 लाख करोड़ रुपये का 48 हज़ार करोड़ केंद्र सरकार के द्वारा दिया जायेगा।

Kusum Yojana Registration (New Update)

केंद्र सरकार के द्वारा Kusum Yojana 2021 में कुछ नए बदलाव किये हैं। इन बदलावों के अमल में आने के बाद किसानो को कृषि पंप की कुल लागत का सिर्फ 10 फीसदी ही देना होगा हलाकि 48 हजार करोड़ का इंतजाम बैंक लोन से किया जायेगा। पाईं कुसुम योजना के पहले ड्राफ्ट में प्लांटस को बाँझ क्षेत्र (बंजर) भूमि पर लगाया जायेगा। यह सभी प्लांट्स 28000 मेगावाट बिजली का उत्पादन करने में सक्षम होंगे।

प्रथम चरण में सरकार के द्वारा 17.5 लाख सौर ऊर्जा से चलने वाले पंप किसानो को उपलब्ध कराये जायेंगे। इसके साथ ही किसानो को बैंको के द्वारा कुल खर्च का 30% अतिरिक्त लोन के रूप एम् प्रदान किया जायेगा। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमन के द्वारा पूर्व में कहा गया है की वर्ष 2020 -21 में 20 लाख किसानो PM Kusum Yojana के तहत ग्रिड से जुड़े सोलर पंप लगाने के लिए धन मुहैया कराया जाएगा।

राजस्थान कुसुम सोलर पम्प स्कीम 2021

इस योजना के बारे में राजस्थान के कृषि मंत्री के श्री लालचंद कटारिया के द्वारा सोमवार को जयपुर के निकट झोटवाड़ा पंचायत समिति क्षेत्र में कापड़ियावास गांव में 7.5 एचपी क्षमता के पहले अनुदानित सौर ऊर्जा की शुरुआत की गयी है। यह राजस्थान का पहला 7.5 एचपी क्षमता का अनुदानित संयत्र है। इस योजना म उन  किसानो को शामिल किया जा रहा है जिनके पास सिंचाई के लिए कृषि विद्युत कनेक्शन नहीं है और वह डीजल पंप पर निर्भर है।

आपको बता दे की जल बचत सयंत्र या उन्नत उद्यानिकी संरचनाएं स्थापित करने वाले किसानों को अनुदान पर 3 एचपी क्षमता से 7.5 एचपी क्षमता तक के सौर ऊर्जा पम्प सयंत्र उपलब्ध कराए जा रहे हैं। प्रारम्भ में 15 लाख किसानो ग्रिड से जोड़ने और सोलर पंप लगवाने के लिए धन मुहैया कराया जा रहा है। इसके तहत किसान अपनी बंजर भूमि पर सोलर पंप लगाकर अतिरिक्त बिजली ग्रिड को बेचने का विकल्प दिया जाएगा।

प्रधानमंत्री जन धन योजना

Highlights of Rajasthan Kusum Yojana

योजना का नामकुसुम योजना
आरम्भ की गईवित्तमंत्री श्री निर्मला सीतारमण के द्वारा
लाभार्थीकिसान
पंजीकरण प्रक्रियाऑनलाइन
उद्देश्यकिसानो को सोलर पंप उपलब्ध कराना
लाभकिफायती मूल्य पर सौर सिंचाई पंप
श्रेणीकेंद्र सरकारी योजनाएं
आधिकारिक वेबसाइट rreclmis.energy.rajasthan.gov.in/kusum.aspx

कुसुम योजना से जुड़ी मुख्य बातें

केंद्रीय बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कुसुम योजना के विस्तार के साथ कुछ नए विचार तथा बदलावों पर सहमति जताई है। केंद्रीय बजट 2020-21 में पीएम कुसुम योजना में किये गए बदलावों का विवरण इस प्रकार है: –

Kusum Yojana
  • अब किसानों को सोलर पंप लगवाने के लिए सिर्फ 10% राशि का ही भुगतान करना होगा।
  • यह सभी प्लांट बंजर अथवा कृषि हेतु अनुपयुक्त भूमि पर लगाए जायेंगे।
  • इसके साथ ही किसान बैंक से कुसुम योजना के तहत सोलर पंप लगवाने में 30% राशि बैंक से ऋण के रूप में प्राप्त कर सकेंगे।
  • केंद्र सरकार नए प्रस्ताव के बाद कुसुम योजना के तहत लगने वाले सोलर पंप पर कुल लागत का 60% रकम देगी।
  • सभी लाभार्थी किसानो को पंप की लागत की 60% सब्सिडी बैंक खाते के माध्यम से प्रदान की जाएगी।

प्रधानमंत्री कृषि ऊर्जा सुरक्षा (कुसुम योजना) का उद्देश्य

  • कुसुम योजना किसानों को ऊर्जा संरक्षण के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने का काम करेगी। इसके साथ ही सोलर पैनल से बनने वाली अतिरिक्त बिजली को ग्रिड में सप्लाई से वह अतिरिक्त आय प्राप्त कर सकेंगे।
  • इस योजना में किसानों की खेती हेतु अनुपयुक्त बंजर भूमि का प्रयोग किया जायेगा, जिससे उनकी वह भूमि भी इस्तेमाल में आ सकेगी।
  • किसान सोलर पैनल के लिए लगने वाली सोलर पैनल के अन्य फसलों का उत्पादन कर सकेंगे।
  • इस योजना के तहत वितरण कंपनियां किसानो की भूमि पर सोलर पैनल स्थापित करने के लिए भूमि मालिक को प्रति यूनिट 30 पैसे का भुगतान करेगी।
  • इस प्रकार किसान को मासिक रूप से लगभग 6600 रुपये की आय प्राप्त होगी। यह योजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2022 तक किसानो की आय को दोगुना करने के सपने को सच करने का काम करेगी।

पीएम सौर ऊर्जा कुसुम योजना की विशेषताएं

  • केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गयी पीएम कुसुम योजना के माध्यम से किसानो की आय में वृद्धि होगी साथ ही वह सौर ऊर्जा और अक्षय ऊर्जा के प्रयोग से आत्मनिर्भर बन सकेंगे।
  • किसान इन सोलर पैनल के द्वारा बनने वाली अतिरिक्त बिजली की आपूर्ति ग्रिड को कर सकेंगे जिसे उन्हें अतिरिक्त आय प्राप्त होगी।
  • इस परियोजना में किसान को कुल लागत का 10% ही खर्च करना होगा। इसके आलावा 30% राशि बैंक द्वारा ऋण के माध्यम से तथा 60% राशि केंद्र सरकार द्वारा वहन की जाएगी।
  • किसान अपनी बंजर अथवा कृषि एक लिए अनुप्युक्त भूमि का इस्तेमाल सोलर पैनल के लिए कर सकेंगे।
  • केंद्र सरकार ने सौर ऊर्जा से चलने वाले 17.5 लाख सिंचाई पंपों को लगाने का लक्ष्य रखा है, जिससे गरीब किसानो की सिंचाई सम्बन्धी परिशानिया ख़त्म हो जाएँगी।

इसके साथ ही इस योजना में 17.5 लाख डीजल पंप एवं 3 करोड़ खेती उपयोगी पम्पस को आने वाले 10 वर्षो में सोलर पम्पस में परिवर्तित किये जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कुसुम एक लंबी अवधि की महत्वाकांक्षी योजना है, लक्ष्य सोलर पंप और सोलर उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए प्रारंभिक बजट 50 हजार करोड़ रुपयों का आवंटन किया गया है।

Pradhan Mantri Solar Panel Yojana 2021 पात्रता मानदंड

इस योजना का लाभ लेने के लिए नई और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय द्वारा किसी भी प्रकार की पात्रता निर्धारित नहीं की गयी है। भारत में किसी भी राज्य का किसान इस योजना का लाभ लेकर सौर अथवा अक्षय ऊर्जा से संचालित सोलर पम्पों के द्वारा अपनी आय को बढ़ा सकते।

पीएम कृषि ऊर्जा सुरक्षा आवेदन आवश्यक दस्तावेज

  • आधार कार्ड
  • वोटर आईडी कार्ड
  • बैंक खाते का विवरण
  • निवास प्रमाण पत्र

आपको सलाह दी जाती है की आप सभी दस्तावेजों को आवेदन प्रक्रिया शुरू करने से पहले स्कैन कर ले। इसके साथ ही आवेदन के समय अन्य कुछ दस्तावेजों की मांग भी की जा सकती है।

राजस्थान सोलर पंप योजना कुल लागत

इस योजना के तहत, कृषि को सिंचित करने वाले पंपों को सौर ऊर्जा के साथ चलने वाले पंप बनाया जाएगा। कुसुम योजना सूखे से प्रभावित राज्यों में किसानों के लिए फायदेमंद होगी, और इससे उनकी फसल का नुकसान कम होगा। कुसुम योजना के तहत 2022 तक 3 करोड़ सौर ऊर्जा संयंत्रों का लक्ष्य रखा गया है जिसकी स्थापना की कुल लागत (1.4 लाख करोड़ रुपये) का एक भाग (48 हजार करोड़ रुपये) केंद्र सरकार द्वारा दिया जायेगा और जबकि इतनी ही राशि राज्य सरकार देगी। किसानों को इस Kusum Yojana 2021 के तहत, कुल लागत के केवल 10 प्रतिशत भाग का भुगतान करना होगा, जबकि 48 हजार करोड़ का प्रावधान बैंक ऋण से किया जाएगा।

कुसुम योजना राजस्थान में स्थापित ऊर्जा संयंत्र

पीएम कुसुम योजना के तहत, राजस्थान के किसानों को सैकड़ों सौर ऊर्जा संयंत्र आवंटित किए गए हैं। किसानों की चयन प्रक्रिया को पूरा करने वाला, राजस्थान देश का पहला राज्य है। राजस्थान अक्षय ऊर्जा निगम के अध्यक्ष और प्रमुख सचिव, ऊर्जा अजिताभ शर्मा ने कहा कि इस योजना के पहले चरण में, निगम द्वारा वितरण निगमों के 33.11 के.वी. उप-स्टेशनों पर विकेंद्रीकृत सौर ऊर्जा संयंत्रों की स्थापना के लिए किसानों से प्रस्ताव आमंत्रित किए गए थे, जिसके तहत किसानों ने उत्साह दिखाया और कुल 674 किसानों ने 815 मेगावाट क्षमता के आवेदन प्रस्तुत किए। इस 674 किसानों में से कुल 623 किसानों ने, 722 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित करने की प्रक्रिया लगभग पूरी कर ली है।

कुसुम योजना के घटक

कुसुम योजना के चार घटक हैं।

  • सोलर पंप वितरण: कुसुम योजना के पहले चरण के दौरान, बिजली विभाग, केंद्र सरकार के विभागों के साथ, सफलतापूर्वक सौर ऊर्जा संचालित पंप वितरित करेगा।
  • सौर ऊर्जा संयंत्रों का निर्माण: पर्याप्त मात्रा में बिजली का उत्पादन करने की क्षमता रखने वाले सौर ऊर्जा कारखानों का निर्माण किया जाएगा।
  • ट्यूबवेल की स्थापना: सरकार द्वारा ट्यूबवेल स्थापित किए जाएंगे जो एक निश्चित मात्रा में बिजली का उत्पादन करेंगे।
  • मौजूदा पंपों का आधुनिकीकरण: मौजूदा पंपों का आधुनिकीकरण तथा पुराने पंपों को नए सौर पंपों से बदल दिया जाएगा।

कुसुम योजना के पहले मसौदे के तहत, इन संयंत्रों की स्थापना बांझ क्षेत्रों में की जाएगी, जो 28000 मेगावाट बिजली पैदा करने में सक्षम है। पहले चरण में, 17.5 लाख सौर ऊर्जा संचालित पंप किसानों को सरकार द्वारा उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके अलावा, बैंक किसानों को ऋण के रूप में कुल व्यय का 30% अतिरिक्त प्रदान करेगा। किसानों को केवल अग्रिम लागत ही खर्च करनी होगी।

कुसुम योजना ऑनलाइन आवेदन, पंजीकरण प्रक्रिया

यदि आप प्रधानमंत्री कृषि ऊर्जा सुरक्षा उत्थान महाभियान (पीएम कुसुम योजना) के तहत आवेदन करना चाहते हैं तो आपको दिए गए चरणों के द्वारा ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

  • सबसे पहले आपको कुसुम योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा। इसके बाद आपके सामने वेबसाइट का होमपेज खुल जायेगा।
  • वेबसाइट के होमपेज पर आपको “Online Registration” का विकल्प दिखाई देगा। आपको इस विकल्प पर क्लिक कर देना है।
  • इसके बाद आपके सामने एक आवेदन फॉर्म खुल जायेगा। इस फॉर्म में आपको पूछी गयी सभी जानकारी जैसे नाम ,पता ,आधार नंबर ,मोबाइल आदि को दर्ज कर देना है।
Kusum Yojana Registration
  • अब आपको सभी आवश्यक दस्तावेजों को निर्धारित स्थान पर अपलोड करना होगा। किसानो को यहाँ अपना आधार नंबर और राष्ट्रीयकृत बैंक खाता की स्कैन कॉपी अपलोड करनी होगी।
  • अपने द्वारा आवेदन प्रपत्र में दर्ज सभी विवरणों की जांच कर सबमिट पर क्लिक कर दे। इस प्रकार आपका पंजीकरण सफलतापूर्वक जमा हो जायेगा।
  • सभी प्रक्रिया के समाप्त होने पर विभाग द्वारा अनुमोदित आपूर्तिकर्ताओं को सोलर पंप सेट की 10% लागत जमा करने के लिए निर्देशित किया जायेगा।
  •  यदि सब्सिडी राशि निर्देशित कर दी जाती है तो 90 से 120 दिनों के भीतर आपके खेत/भूमि पर सोलर पंप सेट चालू हो जाएगा।

कुसुम योजना पंजीकृत आवदेनों की सूची कैसे देखे?

  • सबसे पहले आपको कुसुम योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा। इसके बाद आपके सामने वेबसाइट के होमपेज खुल जायेगा।
  • वेबसाइट के होमपेज पर आपको “कुसुम के लिए पंजीकृत आवेदनों की सूची” विकल्प पर क्लिक कर देना है।
Kusum Yojana List
  • आपके द्वारा विकल्प पर क्लिक किये जाने के बाद आपके सामने चयनित आवेदनों की सूची दिखयी देगी, आप इस सूची से अपने नाम की खोज कर सकते हैं।

Contact Information

इस लेख में आपको कुसुम योजना से सम्बंधित सभी जानकारियां दी गयी हैं। अगर आप इस योजना से सम्बंधित किसी सवा का जवाब पाना चाहते हैं अथवा किसी समस्या का सामना कर रहे हैं तब दिए गए हेल्पलाइन नंबर और ईमेल आईडी के द्वारा मदद ले सकते हैं।

  • Contact Number- 011-243600707, 011-24360404
  • Toll-Free Number- 18001803333

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हम उम्मीद करते हैं की आपको केंद्र सरकार की कुसुम योजना से सम्बंधित जानकारी जरूर लाभदायक लगी होंगी। इस लेख में हमने आपके द्वारा पूछे जाने वाले सभी सवालो के जवाब देने की कोशिश की है।

यदि अभी भी आपके पास इस योजना से सम्बंधित सवाल है तो आप हमसे कमेंट के माध्यम से पूछ सकते हैं। इसके साथ ही आप हमारी वेबसाइट को बुकमार्क भी कर सकते हैं।

पूछे गए प्रश्नों के उत्तर

पीएम कुसुम
योजना
क्या
है?

केंद्र
सरकार ने वर्ष 2019 में
किसानो की आय बढ़ाने
ले लिए सोलर पंप पर सब्सिडी प्रदान
करने के लिए एक
योजना की शुरुआत की
थी जिसे कुसुम योजना का नाम दिया
गया।

इन योजना में केंद्र
सरकार द्वारा कितनी सब्सिडी प्रदान की जाएगी?

केंद्र सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन्स के अनुसार किसान के खेत में लगने वाले सोलर पैनल पर कुल लागत का 60% खर्च केंद्र सरकार द्वारा वहन किया जायेगा।

केंद्र सरकार द्वारा पीएम कुसुम योजना के कितने घातक निर्धारित किये गए हैं ?

इस योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार ने तीन घटक निर्धारित किये हैं। 10,000 मेगावाट क्षमता के ग्रिड से जुड़े विकेंद्रीकृत नवीकरणीय बिजली संयंत्र, 17.50 लाख ग्रिड से पृथक सौर बिजली कृषि पंप और ग्रिड से जुड़े हुए 10 लाख सौर बिजली कृषि पंपों का सोलराइजेशन।

क्या कुसुम
योजना
के
तहत
पंप
की
लागत
का
30%
ऋण
बैंक
से
लेना
अनिवार्य
है?

नहीं, यह पूरी तरह से किसान पर निर्भर करता है। यदि किसान कुल लागत का 40% निवेश कर सकता है तो वह कर सकता है। इसके अलावा अन्य परिस्थितियों में वह बैंक से कुल लागत का 30% ऋण प्राप्त कर सकता है।

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